आलीराजपुर: काका की हत्या करने वाले भतीजे को आजीवन कारावास, थाना आंबुआ पुलिस की प्रभावी पैरवी से मिला न्याय
जिला ब्यूरो चीफ वासुदेव वाणी
आलीराजपुर,

जिले के थाना आंबुआ अंतर्गत एक पारिवारिक रंजिश के चलते काका की हत्या करने वाले आरोपी भतीजे को माननीय न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। पुलिस के उत्कृष्ट, वैज्ञानिक अनुसंधान और मजबूत पैरवी के चलते यह ऐतिहासिक फैसला आया है।
घटना का विवरण
दिनांक 06 मई 2025 को ग्राम खण्डाला डावरी फलिया में एक पारिवारिक कार्यक्रम के दौरान फरियादी मुलेश अपने परिवार के साथ शामिल हुए थे। इसी दौरान आरोपी राजू पिता मंगु जमरा भीलाला (निवासी- ग्राम खण्डाला पुजारिया फलिया) हाथ में बांस का डंडा लेकर वहां पहुंचा। पुरानी रंजिश के चलते उसने अमरसिंह पर सिर पर ताबड़तोड़ डंडों से हमला कर दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल होकर अचेत हो गए।
परिजन उन्हें 108 एम्बुलेंस की मदद से जिला चिकित्सालय आलीराजपुर ले गए, जहां से गंभीर हालत के चलते उन्हें दाहोद रेफर किया गया। हालांकि, अस्पताल ले जाते समय रास्ते नहीं उनकी मृत्यु हो गई।
त्वरित अनुसंधान और पुलिस की भूमिका
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आलीराजपुर श्री रघुवंश सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती ज्योति उमठ बघेल एवं एसडीओपी जोबट श्री आशुतोष के मार्गदर्शन में मामले को ‘चिन्हित श्रेणी’ में रखा गया।
थाना प्रभारी उप निरीक्षक मोहनसिंह डावर ने वैज्ञानिक तरीकों से साक्ष्य जुटाए। वहीं, सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्री के.एम. कनाश ने न्यायालय में प्रभावी पैरवी की। प्रधान आरक्षक अमरसिंह भाबर, आरक्षक राकेश और आरक्षक टीकम ने गवाहों को समय पर न्यायालय में प्रस्तुत कर अभियोजन पक्ष को मजबूत किया।
न्यायालय का फैसला
माननीय द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्री आर.पी. सेवेतिया की अदालत ने तमाम साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी राजू जमरा को दोषी करार दिया। न्यायालय ने उसे भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत आजीवन कारावास, 10,000 रुपये का जुर्माना, तथा जुर्माना न भरने पर 10 माह के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
पीड़ित परिवार को सहायता
जिला पुलिस द्वारा पीड़ित परिवार को संबल प्रदान करने के लिए मध्यप्रदेश शासन की पीड़ित प्रतिकर योजना-2015 के तहत आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिससे परिवार को ₹4.50 लाख की आर्थिक सहायता शीघ्र दिलाई जा सकेगी।
पुलिस टीम पुरस्कृत
इस अंधे हत्याकांड और चिन्हित प्रकरण में उत्कृष्ट अनुसंधान कर कम समय में आरोपी को सजा दिलाने पर पुलिस अधीक्षक श्री रघुवंश सिंह ने अनुसंधान अधिकारी उपनिरीक्षक मोहनसिंह डावर और उनकी पूरी टीम को विशेष रूप से पुरस्कृत करने की घोषणा की है।




