आलीराजपुर: कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान के प्रयासों से चमकी जिले की तकदीर, तीन नए बैराजों की मिली सौगात
आलीराजपुर
ब्यूरो चीफ वासुदेव वाणी
मध्य प्रदेश शासन के कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान के अदम्य प्रयासों और दूरदर्शी सोच के चलते आलीराजपुर जिले को जल संरक्षण और सिंचाई के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक सौगात मिली है। मंत्री चौहान की विशेष पहल पर जिले में तीन महत्वपूर्ण बैराजों के निर्माण को प्रशासनिक स्वीकृति मिल गई है, जिससे अंचल के किसानों और ग्रामीण विकास को एक नया आयाम मिलेगा।
मंत्री चौहान की पहल से मिली सफलता
ग्रामीणों की पुरानी मांग और क्षेत्र की भौगोलिक आवश्यकता को समझते हुए, कैबिनेट मंत्री श्री नागरसिंह चौहान ने स्वयं सक्रियता दिखाई। उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव तथा जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट से विशेष भेंट कर आलीराजपुर में बैराजों की सख्त आवश्यकता से अवगत कराया था। मंत्री जी के इन निरंतर और प्रभावी प्रयासों का ही परिणाम है कि जल संसाधन विभाग ने इन तीनों महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर मुहर लगा दी है।
स्वीकृत बैराज और लागत:
लक्ष्मणी बैराज: ₹310.84 लाख
देहदला बैराज: ₹368.31 लाख
अखंड बैराज (ग्राम बड़दला): ₹333.52 लाख
किसानों और ग्रामीण विकास के लिए मील का पत्थर
सिंचाई का संकट होगा दूर: आलीराजपुर में कृषि मुख्य रूप से वर्षा पर निर्भर रहती है। इन बैराजों के निर्माण से बरसात का व्यर्थ बह जाने वाला पानी रोका जा सकेगा, जिससे किसानों को रबी और अन्य फसलों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिलेगा।
मजबूत होगा भू-जल स्तर: पानी के ठहराव से आसपास के क्षेत्रों का भू-जल स्तर रिचार्ज होगा, जिससे कुएं और हैंडपंप मजबूत होंगे और गर्मी के दिनों में पेयजल की समस्या से राहत मिलेगी।
रोजगार के अवसर: कृषि और बागवानी के विस्तार से ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार मिलने से ग्रामीणों का पलायन रुकेगा।
क्षेत्रवासियों में हर्ष, मंत्री का जताया आभार
कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान की इस सौगात से पूरे अंचल में उत्साह का माहौल है। स्थानीय किसानों और क्षेत्रवासियों ने इस ऐतिहासिक निर्णय के लिए मंत्री चौहान का हृदय से आभार व्यक्त किया है। ग्रामीणों का कहना है कि यह सौगात आलीराजपुर के सर्वांगीण विकास में एक स्वर्णिम अध्याय साबित होगी।




